सोजत में रंगोत्सव की धूम: शहरवासियों ने जमकर मनायी होली, गैर मेले में उमड़ा जनसैलाब — गैरियों के पारंपरिक नृत्य ने बांधा समां।

अकरम खान कि रिपोर्ट।
सोजत। शहर में बुधवार को रंगोत्सव का उत्साह,उमगं और उल्लास चरम पर नजर आया। सुबह होते ही मुख्य बाजार सहित शहर के चौक-चौराहों पर युवाओं की टोलियां रंगों में सराबोर दिखाई दीं। ढोल-थाली और चंग की थाप पर जहां कई स्थानों पर पारंपरिक होली खेली गई, वहीं युवाओं ने डीजे की धुनों पर जमकर नृत्य करते हुए होली खेलते हुए रंगोत्सव का आनंद लिया।

वही शहर के विभिन्न समाजों में नवजात बच्चों की पारंपरिक ढूंढ रस्म भी धूमधाम से निभाई गई। रंग से सरोबार युवाओं की टोलियां नवजात बच्चों के घर पहुंचीं और पारंपरिक तरीके से ढूंढ की रस्म अदा की गई।

सुबह से ही गली-मोहल्लों में लोग एक-दूसरे को रंग और गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं देते नजर आए, जिससे पूरे शहर में उमंग और उल्लास का माहौल बना रहा।

धुलंडी के बाद शाम को सोजत दुर्ग के पारंपरिक गैर मेले का भव्य आयोजन हुआ।दुर्ग के निचे कोट का मौहल्ले मे मेले में मारवाड़ी लोक संस्कृति की मनमोहक झलक देखने को मिली। हजारों की संख्या में पहुंचे लोगों ने गैरीयो द्वारा दी गयी आकर्षक और रंगारंग प्रस्तुतियों का आनंद लिया। इस अवसर पर सोजत विधायक श्रीमती शोभा चौहान, भाजपा मण्डल अध्यक्ष प्रतिनिधि राजेश तंवर,पूर्व न.पा.अध्यक्ष प्रतिनिधि जुगलकिशोर निकुंम,प्रफूल ओझा,राकेश पंवार,हिरालाल काठेड़,नितेश सोलंकी सहित शहर के गणमान्यजनों ने गैरों का स्वागत किया।

गैर मेले का मुख्य आकर्षण गैरियों की प्रस्तुतियां रहीं। रंग-बिरंगी पारंपरिक वेशभूषा में सजे गैरियों ने पैरों में घुंघरू बांधकर डांडिया, छतरियां और रंगीन रुमालों के साथ मनोहारी नृत्य प्रस्तुत किए। चंग और ढोल की गूंजती थाप पर लोग देर शाम तक झूमते रहे।

माली समाज, घांची समाज, सीरवी समाज और जोगी समाज सहित विभिन्न समाजों की पारंपरिक गैरें अपने-अपने निर्धारित मार्गों से मेले में पहुंचीं। गैरों के साथ चल रहे समाजों के चौधरी और पंचों ने गुलाल उड़ाकर माहौल को और अधिक रंगीन बना दिया।

मुख्य बाजार से लेकर किले तक पूरा इलाका खचाखच भरा रहा। चारों ओर रंग, उमंग और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला, जिसने सोजत की होली को यादगार बना दिया।

मेले के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। प्रत्येक गैर के साथ पुलिस जाप्ता तैनात रहा, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण और व्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ।




