पाली जिले में मानसून की रफ्तार धीमी, सोजत समेत कई इलाकों को अच्छी बारिश का इंतजार; जानिए अब कब बरसेंगे बादल और किस तहसील में हुई सबसे ज्यादा बारिश



सोजत न्यूज़ | वरिष्ठ पत्रकार ओमप्रकाश बोराणा

पाली जिले में मानसून एक बार फिर सुस्त पड़ गया है। सोजत सहित जिले की अधिकांश तहसीलों में पिछले कुछ दिनों से तेज बारिश नहीं होने के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है। खरीफ फसलों और विशेष रूप से मेहंदी की खेती करने वाले किसान अब अगली अच्छी बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।

मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसमी तंत्र और मानसूनी ट्रफ के प्रभाव से 28 जुलाई से 2 अगस्त के बीच राजस्थान में मानसून फिर सक्रिय होने की संभावना है। इस दौरान पाली जिले में भी कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश तथा कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश हो सकती है।

पाली जिले के सोजत, मारवाड़ जंक्शन, पाली, बाली, देसूरी और आसपास के क्षेत्रों में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ बारिश तथा कुछ स्थानों पर तेज बरसात की संभावना जताई गई है। यदि मौसम प्रणाली मजबूत बनी रही तो जुलाई के अंतिम दिनों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है।

अब तक जिले में सबसे अधिक बारिश बाली और देसूरी तहसील के पहाड़ी क्षेत्रों में दर्ज की गई है, जहां मानसून की सक्रियता अन्य क्षेत्रों की तुलना में अधिक रही। इसके बाद मारवाड़ जंक्शन और पाली क्षेत्र में भी अच्छी वर्षा हुई, जबकि सोजत, रायपुर और जैतारण में कई स्थानों पर अभी भी सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है। ऐसे में किसानों की नजर अब अगले मानसूनी दौर पर टिकी हुई है।

कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों में अच्छी बारिश होती है तो खरीफ फसलों के साथ-साथ मेहंदी की फसल को भी बड़ा लाभ मिलेगा। वहीं लगातार बारिश नहीं होने पर सिंचाई पर निर्भरता बढ़ सकती है।

मौसम विभाग ने लोगों से आंधी, बिजली गिरने और तेज बारिश के दौरान सावधानी बरतने की अपील की है। किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे मौसम के ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखते हुए कृषि कार्यों की योजना बनाएं।

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