
विद्या भारती विद्यालय में कक्षा 6 से 12 तक के भैया-बहनों ने दी परीक्षा, 12 अन्य विद्यालय भी हुए शामिल
सोजत सिटी | रिपोर्ट: मीठालाल पंवार
सोजत नगर स्थित विद्या भारती विद्यालय मोतीचंद सेठिया आदर्श विद्या मंदिर उच्च माध्यमिक विद्यालय में शुक्रवार को भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा (जोधपुर प्रांत) का सफल आयोजन किया गया। इस परीक्षा में विद्यालय की कक्षा षष्ठी से द्वादशी तक अध्ययनरत भैया-बहनों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस अवसर पर विद्यालय परिसर में अनुशासन, उत्साह और सांस्कृतिक चेतना का विशेष वातावरण देखने को मिला। विद्यार्थियों ने समयबद्ध और शांतिपूर्ण ढंग से परीक्षा दी।
भारतीय संस्कृति और परंपराओं को जीवित रखने का प्रयास
विद्यालय के प्रधानाचार्य दीपसिंह राजावत ने जानकारी देते हुए बताया कि—
“हर वर्ष की भांति भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा का आयोजन विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति, परंपरा और जीवन शैली को जीवित रखने के उद्देश्य से किया जाता है। इस प्रकार की परीक्षाओं से भैया-बहनों का सर्वांगीण विकास होता है और उनमें संस्कारों की भावना प्रबल होती है।”
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में जब पाश्चात्य प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है, ऐसे में भारतीय संस्कृति से जुड़े इस तरह के आयोजन विद्यार्थियों को अपनी जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं।
12 अन्य विद्यालय भी परीक्षा से जुड़े
इस वर्ष स्थानीय विद्यालय द्वारा 12 अन्य विद्यालयों को भी इस परीक्षा से जोड़ा गया है। इन सभी विद्यालयों की भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा भी आज ही आयोजित की जा रही है। इससे क्षेत्र में इस परीक्षा के प्रति बढ़ती जागरूकता और रुचि स्पष्ट रूप से दिखाई देती है।
शिक्षकों और आचार्यों का रहा महत्वपूर्ण योगदान
परीक्षा के सफल आयोजन में विद्यालय परिवार का विशेष योगदान रहा।
इस दौरान—
- आचार्य मुकनाराम परिहार
- बालकिशन गहलोत
- प्रकाश पालड़ियां
- आरती गौड़
- पुष्पा जांगिड़
ने व्यवस्था, अनुशासन और मार्गदर्शन में सक्रिय सहयोग प्रदान किया।
विद्यार्थियों में दिखा उत्साह और आत्मविश्वास
परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों में खासा उत्साह देखने को मिला। परीक्षा में भारतीय इतिहास, संस्कृति, महापुरुषों, परंपराओं और जीवन मूल्यों से जुड़े प्रश्न पूछे गए, जिससे छात्रों ने न केवल ज्ञान बल्कि आत्मविश्वास भी अर्जित किया।
प्रचार प्रमुख ने दी जानकारी
विद्यालय के प्रचार प्रमुख प्रवीण मोयल ने परीक्षा आयोजन से संबंधित समस्त जानकारी साझा करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा विद्यार्थियों के चरित्र निर्माण और संस्कारों के विकास की दिशा में एक सशक्त माध्यम है।
निष्कर्ष:
सोजत सिटी में आयोजित भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा न केवल एक शैक्षणिक गतिविधि रही, बल्कि यह विद्यार्थियों को भारतीय सभ्यता और संस्कारों से जोड़ने का एक सशक्त प्रयास भी साबित हुई। इस प्रकार के आयोजनों से आने वाली पीढ़ी में संस्कृति, परंपरा और नैतिक मूल्यों की मजबूत नींव रखी जा रही है।
विद्यालय के प्रचार प्रमुख प्रवीण मोयल ने परीक्षा आयोजन से संबंधित समस्त जानकारी साझा करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा विद्यार्थियों के चरित्र निर्माण और संस्कारों के विकास की दिशा में एक सशक्त माध्यम है।
सोजत सिटी में आयोजित भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा न केवल एक शैक्षणिक गतिविधि रही, बल्कि यह विद्यार्थियों को भारतीय सभ्यता और संस्कारों से जोड़ने का एक सशक्त प्रयास भी साबित हुई। इस प्रकार के आयोजनों से आने वाली पीढ़ी में संस्कृति, परंपरा और नैतिक मूल्यों की मजबूत नींव रखी जा रही है।



