अकरम खान की रिपोर्ट।
सोजत। विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर सोजत राजकीय अस्पताल के फिजिशियन डॉ. नारायण लाल चौधरी ने आमजन को कैंसर के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि कैंसर एक गंभीर बीमारी जरूर है, लेकिन समय रहते पहचान और सही इलाज से इसे काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है।
डॉ.नारायण चौधरी ने बताया कि वर्तमान समय में कैंसर के मामलों में तेजी से वृद्धि हो रही है। इसके प्रमुख कारणों में तंबाकू और धूम्रपान का सेवन, असंतुलित जीवनशैली, खराब खान-पान, मोटापा, बढ़ती उम्र, अनुवांशिक कारण, हानिकारक रसायन और बढ़ता प्रदूषण शामिल हैं। इन कारणों से शरीर की कोशिकाओं के डीएनए में बदलाव (म्यूटेशन) होता है, जिससे कोशिकाएं अनियंत्रित रूप से बढ़ने लगती हैं और कैंसर का रूप ले लेती हैं।
उन्होंने कहा कि यदि कैंसर का पता प्रारंभिक अवस्था में चल जाए तो इसका सफल इलाज संभव है। इसके लिए नियमित स्वास्थ्य जांच और शुरुआती लक्षणों को पहचानना बेहद जरूरी है। कैंसर के शुरुआती लक्षणों में अचानक वजन कम होना, लगातार थकान रहना, त्वचा के नीचे गांठ बनना, लंबे समय तक खांसी, आवाज में बदलाव, पेट या मल-मूत्र की आदतों में परिवर्तन और लगातार दर्द शामिल हैं।
डॉ. नारायण चौधरी ने बताया कि आज चिकित्सा विज्ञान में कैंसर के इलाज के कई आधुनिक विकल्प उपलब्ध हैं, जिनमें सर्जरी, कीमोथेरेपी और रेडियोथेरेपी प्रमुख हैं। इसके साथ ही इम्यूनोथेरेपी और टारगेटेड थेरेपी जैसी नई तकनीकों से भी अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि कैंसर की पुष्टि होने पर घबराने की बजाय सही डॉक्टर से संपर्क कर समय पर इलाज शुरू करना चाहिए।
उन्होंने आमजन से अपील की कि स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। संतुलित व पौष्टिक आहार, नियमित व्यायाम, नशीले पदार्थों से दूरी और स्वच्छ वातावरण अपनाकर कैंसर जैसी घातक बीमारी से बचाव संभव है।
उल्लेखनीय है कि विश्व कैंसर दिवस हर वर्ष 4 फरवरी को मनाया जाता है। इस दिवस का उद्देश्य कैंसर के प्रति जागरूकता बढ़ाना, इसकी रोकथाम, समय पर पहचान और बेहतर उपचार को बढ़ावा देना है। यह अभियान यूनियन फॉर इंटरनेशनल कैंसर कंट्रोल (UICC) के नेतृत्व में चलाया जाता है, जिसका मुख्य लक्ष्य कैंसर से होने वाली मौतों में कमी लाना है।