✍️ वरिष्ठ पत्रकार ओमप्रकाश बोराणा
सिद्धार्थनगर (उत्तर प्रदेश):
सोशल मीडिया पर रील बनाने का बढ़ता जुनून अब जानलेवा साबित हो रहा है। उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले में एक दर्दनाक और हैरान करने वाली घटना सामने आई, जहां 60 फीट ऊंची पानी की टंकी पर रील बनाने के लिए चढ़े बच्चों में से एक की मौत हो गई, जबकि दो बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, दो अन्य बच्चे करीब 16 घंटे तक टंकी पर फंसे रहे, जिन्हें आखिरकार भारतीय वायुसेना ने साहसिक ऑपरेशन चलाकर सुरक्षित बचा लिया।
कैसे हुआ हादसा?
बताया जा रहा है कि पांच बच्चे सोशल मीडिया के लिए रील बनाने के उद्देश्य से गांव की एक ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गए। यह टंकी करीब 60 फीट ऊंची थी। बच्चों के ऊपर चढ़ने के दौरान अचानक टंकी की सीढ़ी टूट गई, जिससे संतुलन बिगड़ गया।
इस हादसे में तीन बच्चे नीचे गिर गए, जिनमें से एक की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया।
16 घंटे तक टंकी पर फंसे रहे दो मासूम
सीढ़ी टूटने के कारण दो बच्चे टंकी के ऊपर ही फंस गए और नीचे उतरने का कोई रास्ता नहीं बचा। रातभर दोनों बच्चे डरे-सहमे हालत में वहीं बैठे रहे। स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने उन्हें नीचे उतारने के कई प्रयास किए, लेकिन ऊंचाई और जोखिम के कारण सफलता नहीं मिल पाई।
एयरफोर्स का हाई-रिस्क रेस्क्यू ऑपरेशन
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भारतीय वायुसेना की मदद ली गई।
Central Air Command के अंतर्गत Mi-17 V5 हेलीकॉप्टर को मौके पर भेजा गया।
वायुसेना के जांबाजों ने बेहद जोखिम भरे हालात में ऑपरेशन चलाया। हेलीकॉप्टर से रस्सियों के जरिए जवानों को नीचे उतारा गया और दोनों बच्चों को सावधानीपूर्वक सुरक्षित बाहर निकाला गया।
यह पूरा ऑपरेशन बेहद चुनौतीपूर्ण था, क्योंकि तेज हवा और ऊंचाई के कारण थोड़ी सी चूक भी बड़ी दुर्घटना में बदल सकती थी।
बच्चों का इलाज जारी
रेस्क्यू के बाद दोनों बच्चों को तुरंत गोरखपुर स्थित एयरफोर्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार दोनों की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।
सोशल मीडिया का खतरनाक ट्रेंड
यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि सोशल मीडिया पर वायरल होने की होड़ किस कदर युवाओं और बच्चों की जान के लिए खतरा बनती जा रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अभिभावकों को बच्चों पर नजर रखने और उन्हें ऐसे खतरनाक स्टंट से दूर रहने के लिए जागरूक करना बेहद जरूरी है।
प्रशासन की अपील
स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे बच्चों को ऊंची इमारतों या खतरनाक स्थानों पर जाने से रोकें और रील बनाने के नाम पर जोखिम न उठाएं।
एक छोटी सी लापरवाही ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं, जबकि दो बच्चों की जिंदगी बाल-बाल बची। यह घटना समाज के लिए एक चेतावनी है कि सोशल मीडिया का उपयोग जिम्मेदारी से करें, वरना इसके परिणाम बेहद दुखद हो सकते हैं।