आजादी का गीत पुराना नए सुरों में गाता हूँ…
राकेश भटनागर सोजत न्यूज़
सोजत। स्वाधीनता दिवस की पूर्व संध्या पर उप जिला प्रशासन व रुचिर विद्या साहित्य समिति के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रीय एकता काव्य संध्या का आयोजन स्थानीय नगरपालिका सभागार में सम्पन्न हुआ जिसमें स्थानीय रचनाकारों ने हिंदी, राजस्थानी व उर्दू में अपनी प्रतिनिधि देशभक्ति की रचनाओं को परोस श्रोताओं में देश प्रेम का जज्बा भरा।

नगरपालिका प्रशासक राघव मीणा की अध्यक्षता में आयोजित इस काव्य संध्या का आगाज नवनीत राय ‘रुचिर’ की सुमधुर सरस्वती वंदना से हुआ। तत्पश्चात युवा कवि राजेंद्र व्यास, कर्मवीर सिंह राजपुरोहित, शिक्षक मोहनसिंह लखावत ने तिरंगे के महत्त्व पर रचना सुनाकर सभी का दिल जीत लिया। व्यंग्यकार उमाशंकर द्विवेदी की सामाजिक विद्रूपताओं पर कुंडलिया, प्राचार्य राजेंद्र जोशी की मार्मिक देशभक्ति रचना, पुलिस कर्मी व प्रखर कवि मुकेश चौहान के सरस मुक्तकों ने राष्ट्रप्रेम का रंग बिखेरा। वरिष्ठ साहित्यकार हरीश व्यास, गजलकार रशीद गौरी, कवि रामस्वरूप भटनागर, इतिहासकार चेतन व्यास, राजस्व अधिकारी प्रेम प्रकाश सोलंकी, पूर्व बैंक अधिकारी विशन सिंह भाटी की देशभक्ति पूर्ण रचनाओं ने सभी को मंत्र मुग्ध कर दिया।

रुचिर विद्या साहित्य समिति के अध्यक्ष बसंत लखावत ने गीत “आजादी का गीत पुराना नए सुरों में गाता हूँ…” प्रस्तुत कर कार्यक्रम को ऊंचाइयां प्रदान कीं। राजस्थानी के ख्यातनाम साहित्यकार वीरेंद्र लखावत, वरिष्ठ शायर अब्दुल्ल समद राही, गीतकार दलपत पेंटर की देशभक्ति कविताएं भी श्रोताओं ने बेहद पसंद कीं। कार्यक्रम से पूर्व अधिशाषी अधिकारी राघव मीणा व पालिका कर्मी सद्दाम हुसैन ने अतिथि कवियों का शॉल ओढ़ाकर व माल्यार्पण कर बहुमान किया। कार्यक्रम का सरस संचालन संस्था सचिव व कार्यक्रम संयोजक नवनीत राय ‘रुचिर’ ने किया।

अबकार्यक्रम में नगरपालिका के वरिष्ठ लेखाकार जगदीश सोलंकी, वरिष्ठ एडवोकेट चंद्रशेखर श्रीमाली, हितेश सोनी, शिक्षाविद् रमेश चंद्र गुप्ता, इंजीनियर अभिजीत सिंह भाटी, धर्मेन्द्र कुमार, जवरीलाल बोराणा, राजेंद्र शर्मा, यश राय भटनागर आदि भी मौजूद रहे। कार्यक्रम में उपस्थित श्रोताओं का कहना था कि राष्ट्रीय पर्वों पर ऐसी साहित्य काव्य संध्या नियमित होती रहनी चाहिए। ताकि लोगों में देशभक्ति का जुनून बना रहे। सभी ने छोटे सरस काव्य संध्या के आयोजन के लिए उप जिला प्रशासन का आभार ज्ञापित किया।






